
क्राइम स्टोरी — सेवानिवृत्त लेखापाल की हत्या का सनसनीखेज खुलासा, भाई और परिजन ही निकले मास्टरमाइंड,,
नीलकमल सिंह ठाकुर
मुंगेली (लोरमी)-
मुंगेली जिले के लोरमी क्षेत्र में एक सेवानिवृत्त लेखापाल की गुमशुदगी का मामला अब एक सनसनीखेज हत्याकांड में बदल गया है। पुलिस जांच में खुलासा हुआ है कि मृतक के सगे भाई, रिश्तेदार और अन्य सहयोगियों ने मिलकर संपत्ति हड़पने के लिए सुपारी देकर उनकी हत्या करवाई।
क्या है पूरा मामला?
दिनांक 22 मार्च 2026 को थाना लालपुर में बलबीर सिंह ने अपने भाई दामोदर राजपूत (62 वर्ष) के लापता होने की रिपोर्ट दर्ज कराई। दामोदर की मोटरसाइकिल मनोहरपुर राइस मिल के पास लावारिस हालत में मिली थी, जिसके बाद पुलिस ने गुम इंसान का मामला दर्ज कर जांच शुरू की।

जांच में क्या मिला?
सीसीटीवी और साइबर सेल की मदद से एक संदिग्ध ह्युंडई ईऑन कार (CG 10 AC 8986) की पहचान हुई
कार को किराये पर लेने वाले संजय यादव को हिरासत में लेकर पूछताछ की गई
पूछताछ में चौंकाने वाला खुलासा हुआ कि हत्या की साजिश मृतक के छोटे भाई रणजीत राजपूत, चचेरे भाई और अन्य परिजनों ने रची थी

संपत्ति के लालच में रची गई साजिश
पुलिस के अनुसार:
आरोपियों ने 10 लाख रुपये और 50 डिसमिल जमीन की सुपारी देकर हत्या की योजना बनाई
परिवार में पहले से चल रहे विवाद (खासकर बेटे और पिता के बीच) का फायदा उठाया गया
फर्जी नोटरी दस्तावेज तैयार कर संपत्ति अपने नाम कराने की कोशिश की गई

कैसे दिया गया वारदात को अंजाम?
21 मार्च को दामोदर को पूजा के बहाने गांव बुलाया गया
सुनसान रास्ते में गाड़ी रोककर गमछे से गला घोंटकर हत्या की गई
शव को कार में ले जाकर कवर्धा जिले के जंगल में दफन कर दिया गया
मोबाइल फोन को प्रयागराज में गंगा नदी में फेंक दिया गया, ताकि मामला भटकाया जा सके

शव बरामद, परिजनों ने की पहचान
पुलिस ने आरोपियों की निशानदेही पर शव को बरामद किया। कपड़ों और अन्य वस्तुओं के आधार पर परिजनों ने मृतक की पहचान की। पोस्टमार्टम की कार्रवाई पूरी कर ली गई है।

कितने आरोपी गिरफ्तार?
इस मामले में:
11 आरोपी गिरफ्तार
4 नाबालिग बालक हिरासत में
गिरफ्तार आरोपियों में मृतक के भाई, भतीजे, भांजे और सुपारी किलर शामिल हैं।
कानूनी कार्रवाई
पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज कर उन्हें न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया है।
पुलिस की अहम भूमिका
पूरे मामले का खुलासा साइबर सेल, स्थानीय थाना पुलिस और वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देशन में गठित विशेष टीम द्वारा किया गया।
परिवारिक विवाद बना हत्या की वजह
जांच में यह भी सामने आया कि:
मृतक और उसके बेटे के बीच लंबे समय से विवाद था
इसी विवाद का फायदा उठाकर भाइयों ने साजिश रची
पहले भी एक संदिग्ध एक्सीडेंट की घटना सामने आई थी, जो इस साजिश का हिस्सा निकली
निष्कर्ष
यह मामला इस बात का गंभीर उदाहरण है कि कैसे संपत्ति के लालच में अपने ही रिश्तेदार खून के रिश्तों को तार-तार कर सकते हैं।

